रानीवाडा टुडे नववर्ष विशेषांक का विमोचन चिकित्षा राज्य मंत्री श्री राज कुमार शर्मा और जिले के कांग्रेस पदाधिकारियों के साथ रानीवाडा विधायक रतन देवासी द्वारा किया गया!जिसमे हजारो क़ि तादाद में कांग्रेस पदाधिकारियों ने भाग लिया !। विधायक रतन देवासी की अनुशंषा से क्षेत्र में ३४ अतिरिक्त कक्षा-कक्षों के निर्माण की स्वीकृति जारी हुई है। खेल मैदान का कार्य शुरू इसी माह यात्री गाड़ी शुरू होने की जगी आस सुुणतर क्षेत्र कभी मारवाड़ का कश्मीर नाम से प्रसिद्ध हुआ करता था।

मंगलवार, 23 फ़रवरी 2010

बजट सत्र शुरू, विधायकों ने लीं चुटकियां

बजट सत्र शुरू, विधायकों ने लीं चुटकियां
जयपुर. सोमवार से शुरू हुए विधानसभा के बजट सत्र में राज्यपाल प्रभाराव को एक घंटा 14 मिनट के भाषण को पढ़ने में कई बार दिक्कत हुई। उन्हें रुक-रुककर पढ़ना पड़ा। इस पर विधानसभा अध्यक्ष दीपेंद्रसिंह शेखावत ने पानी के गिलास की ओर इशारा किया।
भाजपा के देवीसिंह भाटी ने कहा कि अभिभाषण को पढ़ा हुआ मान लिया जाए, ताकि महामहिम को तकलीफ न हो। भाजपा के ही रोहिताश्व शर्मा ने पानी पीने का आग्रह किया, लेकिन राज्यपाल ने अभिभाषण पूरा पढ़ कर ही पानी पीया।
भर्ती खुल गई हैं भर्ती
अभिभाषण के समाप्त होते ही कांग्रेस के रघु शर्मा ने प्रतिपक्ष के नेता की सीट की ओर इशारा करते हुए कहा कि भर्ती खुल गई है, भर्ती। अब अर्जी लगा दो।
पहली बैंच खाली रही
विधानसभा के चौथे सत्र के पहले दिन ना पक्ष में पहली पंक्ति खाली ही रही। इस सीट पर प्रतिपक्ष का नेता और विधानसभा का उपाध्यक्ष बैठते हैं। वसुंधरा राजे प्रतिपक्ष के नेता पद से इस्तीफा देने के बाद सदन में नहीं आईं और सीधे घर चली गईं।
विधानसभा उपाध्यक्ष पद पर अभी किसी विधायक का मनोनयन हुआ नहीं है। विधानसभा के सचिव एच.आर. कुड़ी का कहना है कि अगर वसुंधरा राजे सदन में आतीं तो वे पहले से निश्चित सीट पर बैठ सकती थीं।
बैठक व्यवस्था विधानसभा का अंदरूनी और अध्यक्ष के विशेषाधिकार का मामला है और यह पार्टी के लोगों की राय से ही तय किया जाता है। इस्तीफा दे देने से उस सीट पर बैठने की कोई मनाही नहीं होती, लेकिन भाजपा नेताओं का कहना है कि वसुंधरा इस्तीफा देकर सदन में अपने निर्धारित स्थान पर बैठतीं तो इससे अच्छा संदेश नहीं जाता।
आपको पता है बार-बार ताली कौन बजाता है!
प्रतिपक्ष के उपनेता घनश्याम तिवाड़ी ने राज्यपाल का अभिभाषण समाप्त होने पर कहा कि सत्तापक्ष ने एक बार भी ताली नहीं बजाई। इस पर गृह मंत्री शांति धारीवाल ने चुटकी ली, बार-बार ताली कौन बजाता है, ये आप सभी जानते हैं। भाजपा के रोहिताश्व शर्मा ने सत्तापक्ष की ओर इशारा कर कहा कि ये खुश नहीं हैं। इसलिए ताली नहीं बजा रहे। इस पर राज्यपाल बोलीं, तो आप खुश नहीं हैं क्या!